जुनैद पारेख की रिपोर्ट जिला कोंडागांव

जिला कोंडागांव यातायात पुलिस विभाग द्वारा आयोजित राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह वर्ष-2026 का भव्य समापन समारोह
जिला कोंडागांव यातायात पुलिस विभाग द्वारा आयोजित – सुरक्षित सड़कें, सुरक्षित जीवन एवं साइबर सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदमजिला कोंडागांव यातायात पुलिस विभाग द्वारा राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह-2026 का समापन समारोह दिनांक 02 फरवरी 2026 को प्रातः 11:30 बजे ऑडिटोरियम भवन, कोंडागांव में बड़े ही उत्साह, गरिमा एवं जागरूकता के साथ आयोजित किया गया। इस एक माह के अभियान (01 जनवरी 2026 से 31 जनवरी 2026 तक) के दौरान जिले भर में यातायात नियमों की अनुपालना, सड़क सुरक्षा जागरूकता के साथ-साथ सायबर जागरूकता को भी विशेष महत्व दिया गया, ताकि नागरिक न केवल सड़कों पर सुरक्षित रहें बल्कि डिजिटल दुनिया में भी सुरक्षित रह सकें।राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह का परिचय एवं महत्वराष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) द्वारा प्रतिवर्ष जनवरी माह में आयोजित किया जाता है। वर्ष 2026 में यह 37वां राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह था, जिसका मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में कमी लाना, यातायात नियमों के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना तथा “सड़क सुरक्षा – जीवन रक्षा” की भावना को मजबूत करना रहा।इस वर्ष अभियान में सड़क सुरक्षा के साथ सायबर जागरूकता को भी जोड़ा गया, क्योंकि आधुनिक समय में मोबाइल फोन का उपयोग करते हुए ड्राइविंग एक प्रमुख दुर्घटना का कारण बन रही है, साथ ही साइबर अपराध जैसे ऑनलाइन फ्रॉड, फिशिंग एवं सोशल मीडिया पर सतर्कता की कमी से जुड़े खतरे भी बढ़ रहे हैं।माह भर आयोजित प्रमुख गतिविधियां (कोंडागांव जिले में)जागरूकता अभियान: स्कूलों, कॉलेजों, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों, बाजारों, ग्राम पंचायतों एवं सार्वजनिक स्थानों पर नुक्कड़ नाटक, रैलियां, पोस्टर/बैनर प्रदर्शनियां, स्लोगन प्रतियोगिताएं एवं जागरूकता सभाएं।प्रशिक्षण एवं शिविर: सुरक्षित ड्राइविंग प्रशिक्षण सत्र, लर्निंग लाइसेंस शिविर।विशेष फोकस क्षेत्र:हेलमेट एवं सीट बेल्ट का अनिवार्य उपयोग।शराब/नशे की हालत में वाहन न चलाना।तेज गति, मोबाइल फोन का उपयोग करते हुए ड्राइविंग रोकना।बच्चों एवं महिलाओं की सुरक्षा, थकान/नींद में ड्राइविंग न करना।सायबर जागरूकता: मोबाइल फोन का सुरक्षित उपयोग, ड्राइविंग के दौरान हैंड्स-फ्री/ब्लूटूथ का प्रयोग, ऑनलाइन फ्रॉड से बचाव, फेक कॉल/मैसेज पहचानना, व्यक्तिगत जानकारी साझा न करना, तथा साइबर अपराध की शिकायत कैसे करें – इन विषयों पर विशेष सत्र एवं चर्चा।गुड समैरिटन नीति के प्रति जागरूकता।प्रोत्साहन एवं सम्मान: यातायात नियमों का पालन करने वाले उत्कृष्ट वाहन चालकों, संस्थाओं एवं व्यक्तियों को प्रशस्ति पत्र, सील्ड एवं प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। सायबर जागरूकता में सक्रिय सहभागियों को भी प्रोत्साहित किया गया।समापन समारोह की मुख्य विशेषताएंसमापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में माननीय सुश्री लता उसेंडी, विधायक कोंडागांव ने शिरकत की। अन्य विशिष्ट अतिथियों में श्री नरपति पटेल, नगर पालिका अध्यक्ष, श्रीमती रीता सोरी, जिला पंचायत अध्यक्ष।अन्य गणमान्य उपस्थितियां:श्री चंदन साहू (जिला प्रवक्ता)श्री कुलवंत सिंह चहल (मंडल अध्यक्ष)श्री नागेश देवांगन (युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष)श्री मनोज जैनश्री नन्दलाल राठौर (जनपद सदस्य)श्री संतोष पात्र (पार्षद)श्रीमती सकली बाई मरकाम (सरपंच, मसोरा)श्रीमान पुलिस अधीक्षक श्री पंकज चंद्रा महोदय पुलिस अनुविभागीय अधिकारी कोंडागांव रूपेश कुमार पुलिस अनुविभागीय अधिकारी मर्दापाल सतीश भार्गवउप पुलिस अधीक्षक नरेंद्र पुजारी उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती स्निग्धा सलामे (मुख्यालय)श्री मनीष राजपूत (रक्षित निरीक्षक ) प्रभारी (र.के),श्री मुकेश जोशी (रक्षित निरीक्षक)यातायात प्रभारी एवं पुलिस अधिकारी ,कर्मचारीगण उपस्थित रहेकार्यक्रम में लगभग 250 से अधिक पुलिस अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, छात्र-छात्राएं एवं आम नागरिक उपस्थित रहे। समारोह में सड़क सुरक्षा एवं सायबर जागरूकता पर संदेश दिए गए, पुरस्कार वितरण किया गया तथा भविष्य में सुरक्षित सड़कों एवं सुरक्षित डिजिटल जीवन के लिए संकल्प लिया गया।कोंडागांव पुलिस की अपीलजिला कोंडागांव पुलिस सभी नागरिकों, वाहन चालकों, अभिभावकों एवं युवाओं से अपील करती है कि:हमेशा हेलमेट एवं सीट बेल्ट लगाएं।शराब/नशा करके वाहन न चलाएं।तेज गति एवं मोबाइल फोन का उपयोग ड्राइविंग के दौरान न करें (हैंड्स-फ्री का प्रयोग करें)।साइबर सुरक्षा के नियम अपनाएं: अनजान लिंक न क्लिक करें, OTP/पासवर्ड साझा न करें, तथा संदिग्ध कॉल/मैसेज पर सतर्क रहें।नियमों का पालन कर सुरक्षित ड्राइविंग एवं सुरक्षित डिजिटल जीवन अपनाएं।सड़क सुरक्षा एवं साइबर सुरक्षा – हमारी साझा जिम्मेदारी है! सुरक्षित सड़कें, सुरक्षित छत्तीसगढ़!


